पांच तत्व 25 प्रकृति के नाम

पांच तत्वों के नाम,

ये वही पांच तत्व है जिससे मानव का शरीर बना है, इसी को पांच तत्व कहा गया है,

( 1.पृथ्वी, 2.जल, 3. अग्नि, 4.वायु, 5. आकाश, )

इन्ही पांचो तत्व के अलग से 5-5 विकृति है, जिन्हें मिलकर 25 विकृति होते है,

पृथ्वी तत्व से

  1. मांस
  2. हड्डी
  3. त्वचा
  4. रन्ध
  5. नाख़ून

जल तत्व से

  1. लार
  2. पसीना
  3. खून
  4. वीर्य
  5. मूत्र

अग्नि तत्व से

  1. भूख
  2. प्यास
  3. आलस्य
  4. निंद्रा
  5. जंभाई

वायु तत्व से

  1. बोलना
  2. सुनना
  3. फैलना
  4. सिकुड़ना
  5. बल लगाना

आकाश तत्व से

  1. शब्द
  2. रस
  3. गंध
  4. स्पर्श
  5. आविर्भाव

जिसने इन 25 प्रकृति को समान्य कर लिया वह उन्नति की राह में आगे बढेगा,

इसका अर्थ यह नहीं तपस्या करना है, यह कोई देवता नहीं है,

न वैराग्य हासिल करना है, सीधे से आपको नौकरी करना है, संविधान की पढाई करना है,

तर्कशील जीवन जीना है

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One Comment on “पांच तत्व 25 प्रकृति के नाम”

  1. सुरत निरत मन पवन पिछानो। पूरब सैं उत्तर दिस तानो।।
    पूरब पंथ बंध है भाई। इंगला पिंगला पौन बहाई।।
    सुखमन घाटी बंध बंधाना। इंगला पिंगला रस्तै जाना।।

    महोदय उपरोक्त पंक्तियों को कृपया सरल रुप से समझाइए।

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